सरहद पे करते है रखवाली वो हमारी
हमारा डर उनकी हिमत से छुप जाता है
वो अपने दर्दो को नही देखते कभी
वो अपने सपनो को नही सजाते कभी
सब कुछ लुटा देते है वो हमारे लिए
कुछ अपने लिए नही मांगते कभी
प्रsHant Nagia
सरहद पे करते है रखवाली वो हमारी
हमारा डर उनकी हिमत से छुप जाता है
वो अपने दर्दो को नही देखते कभी
वो अपने सपनो को नही सजाते कभी
सब कुछ लुटा देते है वो हमारे लिए
कुछ अपने लिए नही मांगते कभी
प्रsHant Nagia
लिखवा देती है तुम्हरी दूरिया हमसे इतना कुछ
वरना हमारे मे हिम्मत कहा कहे दे तुमको दो बाते भी
प्रsHant Nagia
हमें तो पता ही नही था कब प्यार हो गया तुमसे
वो रातों की नींदे चुराके खुली आँखों मे सपने दिखा के
सामने आ जाना तेरा , वो पागल सा बनाना तेरा
वो हल्का सा मुस्कुराना तेरा , वो देख के चला जाना तेरा
अच्छा लगता है।
प्रsHant Nagia
जिंदगी अकेले चलने के लिए नही उसे साथ की ज़रूरत होती है
बातों की नही इन्हें भरोसे की आस की ज़रूरत होती है
रास्ते अनजान की नही प्यार की रहा की ज़रूरत होती है
मिले कोई हमसफ़र सांसे जोड़े जिस से एसे दिलदार की ज़रूरत होती है।
प्रsHant Nagia
प्यार तो बोह्तो ने करा होगा तुमसे
साथ जो दे तेरा उस से क्यों दूर जाती है
जिंदगी भर साथ रहने का वादा करते है जो
तेरे पास उनकेे लिए दो पल का वक़्त नही
प्रsHant Nagia
आ जाते है रात के अंधेरो मे वो लोग ख्वाबो मे
जो दिन के उजालो मे हमें देख के नज़रे चुरा लेते है
प्रsHant Nagia
बेताबिया बढ रही है.........
नजदीकिया बढ रही है......
मेरी सांसो से तेरी सांसे जोड़ रही है
तुम रूकती हो तो हम रुक जाते है
चलती हो तो गुम हुए रास्ते मिल जाते है
मंजिल लगती है अब और भी करीब
सांसो को चलने की वजह मिल जाती है
प्रsHant Nagia
वो होती हो जो सबसे खास , बचपन से लेके हर वक़्त साथ
और चली जाती है एक रात के बाद , जिसे पाला बड़े नाज़ के साथ
प्रsHant Nagia
हँसते हुए की हंसी पे जाते नही , दर्द होता है उस हंसी के पीछे
पर दर्द वो सबको दिखाते नही , प्यार था हमारा बस उन के लिए
पर साथ वो हमारा निभाते नही , कोशिश करी हम ने बोहत
उन्हें अपना बनाने की , पर नज़र वो हमसे मिलाते नही
प्रsHant Nagia
बीत गई वो राते सपने बनके सपनो मे
जब हर पल थे हम तेरे अपनों मे
अब बाते है याद करने को तुम्हारी
पर वो भी हंसती है बाते सुनके हमारी
जिंदगी मे हंसी तो है पर ख़ुशी नही है
मुस्कुराने का मतलब यह नही मिल गए तुम
दूरियां भी हंसती है कभी नजदीकियो पे
रुक गए थे हम जाने से तुम्हारे
चल रहे थे हम तो तेरे ही सहारे
हवाओं को मेहकाके जो तूने छोड़ दिया
फूलो को खिला के जो तूने छोड़ दिया
होती नही है अब मेरी तो सुबह
रातों को जगाके जो तूने छोड़ दिया
तुझ मे बस्ता था मे तेरा ही था सदा
युं अपना सा बनाके जो तूने छोड़ दिया
प्रsHant Nagia
इश्क ही इश्क की इबादत को समझ सकता हैI
बस तू नही समझी........
मे तो आसमान से तुम्हारे लिए चाँद तारे तोड़ लाया
बस तुम नही समझी.......
कम्भ्कक्त प्यार को इतना ना समझ , किस ने बना दिया मै समझ गया
बस तू नही समझी.......
प्रsHant Nagia
[ बचपन की यादे ]
तुझे मिल जाये वो मेरे खोए हुए खिलोने बचपन के तो लौटा देना
तुझे मिल जाये वो मेरे रूठे हुए दोस्त बचपन के तो उन्हें हंसा देना
घुमते थे जिन गलियों मे हम सब साथ मे
अब वही से गुज़र जाते है अकेले हिलाते हाथ
कभी लगते थे छोटे ये दिन बात करने को
अब ये वक़्त बोहत तेज़ी से गुज़र जाता है वक़्त के साथ
प्रsHant Nagia
नदियों से तेज़ बेहेता है जो
मेरा प्यार तुझ मे रहता है जो
टकराते है हम भी पत्थर पे पानी की तरह
मिटा देते है पल भर मे दूरिया जिस तरह
वो भी टूट जाते है हम भी टूट जाते है
एक दुसरे मे दोनों जिस तरहा
प्रsHant Nagia
यह दर्द तेरे साथ के नहीं तेरे जाने के बाद के है
गुज़रे हुए पलो का नहीं भूलने की याद का है
देखता हूँ वहा हम मिला करते थे जहा
अब तू नहीं उन मे , दर्द इस बात का है
दर्द रास्तों का नहीं दूरियों का है
मिलाते थे हाथ अब मिलके छुट गए
दर्द इस बात का है
दर्द अपनों का नहीं साथ मे देखे सपनो का है
दर्द आँखों से निकले आंसू का नहीं उसमे बेहते ख्वाब का है
दर्द इस बात का है ..................
खुशिया मिली हमे कुछ पल की भुला ना सके उसे
दर्द इस बात का है
प्रsHant Nagia
बिछड के मिल जाना तो किसमत की बात है
तुम हो मेरे पास बस येही मेरे लिए खास है
किसमत बदली है आने से जिंदगी मे तुम्हारे
ना जाने अब तक थे हम किसके सहारे
रोशन हुई है जिंदगी मेरी रोशनी तुम बने
पहले थे हम तो बस अंधेरो मे ही चले
महके थे हम तो खुशबु थी तुम्हारी
अब से है यह जिंदगी सिर्फ तुम्हारी
प्रsHant Nagia
कुछ टूटे हुए लफ्जों से कहा था तूझे
के दिल के करीब रखूँगा तुझे
समझा ना तूने मेरे ज़ज्बातों को
और दे गई इन हालातो को
आँखों मे थे आंसू मेरे
देख के तुझे निकले नही
समझा था मै, समझ जाएगी तू मेरी है
मेरी हो जाएगी तू ..............
गुज़रे हुए पलो मे भी ना रही मेरी
दिल ले गई अब जान भी ले जायेगी तू /